*जुए में हारी रकम की भरपाई के लिए रची डकैती की साजिश, दो गिरफ्तार* *गोरापड़ाव लूटकांड का नैनीताल पुलिस ने किया खुलासा, 31 हजार रुपये और चार जिंदा कारतूस बरामद*

Spread the love

*जुए में हारी रकम की भरपाई के लिए रची डकैती की साजिश, दो गिरफ्तार*

*गोरापड़ाव लूटकांड का नैनीताल पुलिस ने किया खुलासा, 31 हजार रुपये और चार जिंदा कारतूस बरामद*

हल्द्वानी। गोरापड़ाव में हथियारों के बल पर करीब आठ लाख रुपये, मोबाइल फोन और सोने के आभूषण लूटने के मामले का नैनीताल पुलिस ने खुलासा कर दिया है। पुलिस ने वारदात में शामिल दो आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से 31 हजार रुपये और चार जिंदा कारतूस बरामद किए हैं। पुलिस जांच में सामने आया कि जुए में लाखों रुपये हारने के बाद आर्थिक तंगी से जूझ रहे एक आरोपी ने रकम की भरपाई के लिए डकैती की साजिश रची थी। मामले में शामिल अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस दबिश दे रही है।

पुलिस के अनुसार, 19 अगस्त की शाम गोरापड़ाव क्षेत्र में 10 से 12 हथियारबंद लोगों द्वारा लूटपाट किए जाने की सूचना डायल-112 के माध्यम से मिली थी। अंबा विहार, तीनपानी निवासी नारायण दास ने पुलिस को बताया कि केआईए शोरूम के पीछे स्थित उनके कार्यालय व गैरेज में नकाबपोश हथियारबंद बदमाश घुस आए। बदमाश करीब आठ लाख रुपये की नकदी, 12 मोबाइल फोन, तीन सोने की चेन, अंगूठी समेत अन्य सामान लूटकर फरार हो गए।

घटना के बाद कोतवाली हल्द्वानी में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की गई। एसएसपी नैनीताल डॉ. मंजूनाथ टीसी ने मामले को गंभीरता से लेते हुए करीब 50 पुलिस अधिकारियों व कर्मचारियों की विशेष टीमें गठित कीं। एसपी क्राइम, एसपी हल्द्वानी, सीओ हल्द्वानी व लालकुआं के साथ थाना पुलिस, एसओजी, साइबर टीम, अपराध विशेषज्ञ, बीडीएस और डॉग स्क्वायड को जांच में लगाया गया।

पुलिस टीमों ने घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालने के साथ ही सर्विलांस और अन्य तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर जांच आगे बढ़ाई। इसी दौरान वंशप्रीत सिंह उर्फ पन्नू निवासी सितारगंज और रखवीर सिंह निवासी शीशगढ़, बरेली को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई। पूछताछ में दोनों ने डकैती की वारदात में शामिल होने की बात स्वीकार की।

पुलिस के मुताबिक, दोनों आरोपी किच्छा निवासी यश सिडाना के संपर्क में आए थे। यश सिडाना जुए में लाखों रुपये हार चुका था और आर्थिक संकट से गुजर रहा था। इसके बाद गोरापड़ाव में बड़े स्तर पर जुआ खेले जाने की जानकारी के आधार पर वहां डकैती डालने की योजना बनाई गई। आरोपियों ने पहले घटनास्थल की रेकी की और बाद में अन्य लोगों को भी साजिश में शामिल कर लिया।

वारदात के बाद लूटी गई रकम आरोपियों के बीच बांटी गई। वहीं, पुलिस से बचने के लिए लूटे गए मोबाइल फोन रास्ते में फेंक दिए गए। पुलिस ने बरामदगी के आधार पर मुकदमे में बीएनएस की संबंधित धाराओं की बढ़ोतरी की है। संगठित तरीके से अपराध किए जाने के तथ्य सामने आने पर नए प्रावधानों के तहत भी कार्रवाई की जा रही है।

गिरफ्तार आरोपी वंशप्रीत के कब्जे से 31 हजार रुपये और चार जिंदा कारतूस बरामद हुए हैं। वहीं, रखवीर सिंह के खिलाफ पूर्व में हत्या के प्रयास, गैंगस्टर एक्ट, मारपीट और आर्म्स एक्ट समेत कई मुकदमे दर्ज होने की जानकारी पुलिस ने दी है। पुलिस वंशप्रीत के आपराधिक इतिहास की भी जांच कर रही है।

एसएसपी डॉ. मंजूनाथ टीसी ने मामले का शीघ्र खुलासा करने वाली पुलिस टीम का उत्साहवर्धन करते हुए टीम को 2500 रुपये के पुरस्कार से सम्मानित किया। पुलिस फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के साथ ही लूटी गई शेष रकम और सामान की बरामदगी के लिए लगातार दबिश दे रही है।


Spread the love

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *