गन्ना कृषक कन्या महाविद्यालय में भ्रष्टाचार की उच्चस्तरीय जांच की मांग
– डॉ. गणेश उपाध्याय ने जिला गन्ना अधिकारी को सौंपा ज्ञापन, बैंक खातों व संपत्तियों की सुरक्षा पर दिया जोर
किच्छा। कांग्रेस के प्रदेश प्रवक्ता एवं पूर्व दर्जा राज्य मंत्री डॉ. गणेश उपाध्याय ने बुधवार को जिला गन्ना अधिकारी शैलेंद्र सिंह से मुलाकात कर गन्ना कृषक कन्या महाविद्यालय में पिछले कई वर्षों से कथित रूप से व्याप्त भ्रष्टाचार की उच्चस्तरीय एवं निष्पक्ष जांच कराने की मांग की।
डॉ. उपाध्याय ने कहा कि गन्ना किसानों की मेहनत की कमाई से बेटियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने के उद्देश्य से गन्ना कृषक कन्या महाविद्यालय की स्थापना की गई थी, लेकिन एक व्यक्ति की मनमानी और तानाशाहीपूर्ण कार्यशैली के कारण आज महाविद्यालय बंद हो चुका है। उन्होंने कहा कि इससे न केवल संस्थान प्रभावित हुआ है, बल्कि अनेक छात्राओं का भविष्य भी संकट में पड़ गया है।
उन्होंने जिला गन्ना अधिकारी से महाविद्यालय के सभी बैंक खातों एवं चल-अचल संपत्तियों को सुरक्षित रखने तथा पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की।
जिला गन्ना अधिकारी शैलेंद्र सिंह ने आश्वासन दिया कि महाविद्यालय की चल-अचल संपत्तियों की पूरी सुरक्षा सुनिश्चित की जाएगी। साथ ही पिछले वर्षों के कार्यकाल का लेखा-जोखा तैयार कर कथित अनियमितताओं की निष्पक्ष जांच कराई जाएगी। उन्होंने महाविद्यालय की प्रधानाचार्य को सभी बैंक खातों का विवरण सहकारी गन्ना विकास समिति (शिक्षा) के सचिव को उपलब्ध कराने के निर्देश भी दिए।
जिला गन्ना अधिकारी ने कहा कि महाविद्यालय का संचालन उसके गठन के समय बनाए गए उपविधियों (बायलॉज) के अनुरूप ही किया जाएगा।
डॉ. गणेश उपाध्याय ने कहा कि गन्ना कृषक कन्या महाविद्यालय की चल-अचल संपत्ति को किसी भी प्रकार का नुकसान नहीं होने दिया जाएगा और संस्थान के हितों की रक्षा के लिए हर संभव प्रयास किए जाएंगे।
इस दौरान उत्तराखंड किसान कांग्रेस के महामंत्री महिपाल सिंह बोरा भी मौजूद रहे।







