*1 जनवरी से बदल सकता है WhatsApp चलाने का तरीका, फोन में वही SIM रखना होगा जरूरी*
*SIM निकालने या बंद होने पर प्रभावित हो सकता है ऐप का संचालन, पुराने फोन में वाई-फाई से WhatsApp चलाने वालों को करना होगा बदलाव*
नई दिल्ली। WhatsApp और Telegram इस्तेमाल करने वाले लोगों के लिए नए साल से नियमों में बदलाव हो सकता है। सरकार के सिम बाइंडिंग नियम के तहत 1 जनवरी 2027 से इन ऐप्स का इस्तेमाल करने के लिए फोन में वही सिम कार्ड होना जरूरी होगा, जिससे संबंधित अकाउंट बनाया गया है। सिम कार्ड फोन से निकालने, उसके निष्क्रिय होने या बदलने की स्थिति में ऐप का संचालन प्रभावित हो सकता है।
क्या है सिम बाइंडिंग का नियम?
सिम बाइंडिंग का मतलब किसी मैसेजिंग अकाउंट को उस सिम कार्ड से जोड़ना है, जिसके नंबर से अकाउंट बनाया गया है। अभी तक WhatsApp पर एक बार ओटीपी के जरिए नंबर सत्यापित करने के बाद कई मामलों में सिम निकालने के बावजूद वाई-फाई की मदद से ऐप का इस्तेमाल किया जा सकता था। इसी वजह से कई लोग पुराने फोन में बिना सिम कार्ड के भी WhatsApp चलाते हैं।
नए नियम के लागू होने के बाद इस व्यवस्था में बदलाव हो सकता है। ऐप यह जांच कर सकता है कि अकाउंट से जुड़ा सिम कार्ड फोन में मौजूद है या नहीं। सिम कार्ड नहीं मिलने पर ऐप की सेवाएं बाधित हो सकती हैं।
पुरानी चैट पर नहीं पड़ेगा असर
इस बदलाव से उन लोगों को खास तौर पर अपनी आदत बदलनी पड़ सकती है, जो एक फोन में सिम रखते हैं और दूसरे फोन में वाई-फाई के जरिए WhatsApp चलाते हैं। हालांकि, उपलब्ध जानकारी के अनुसार सिम हटने से पुरानी चैट अपने आप डिलीट नहीं होगी। संबंधित सिम दोबारा फोन में लगाने पर ऐप का इस्तेमाल फिर शुरू हो सकता है।
नोट: नियम लागू होने की तारीख और उसके तकनीकी प्रावधानों की आधिकारिक पुष्टि के बाद ही इसे अंतिम रूप से लागू व्यवस्था माना जाना चाहिए।


