कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट का लाभ जनता को मिले: डॉ. गणेश उपाध्याय
रुद्रपुर। उत्तराखंड कांग्रेस के प्रवक्ता डॉ. गणेश उपाध्याय ने केंद्र एवं राज्य सरकार से कच्चे तेल की अंतरराष्ट्रीय कीमतों में आई गिरावट का लाभ आम जनता तक पहुंचाने की मांग की है। उन्होंने कहा कि जब अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतें 120 डॉलर प्रति बैरल से घटकर 70 से 78 डॉलर प्रति बैरल के बीच आ गई हैं, तो पेट्रोल और डीजल के दामों में भी कमी की जानी चाहिए।
डॉ. उपाध्याय ने कहा कि वर्ष 2014 से पहले अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमत लगभग 120 डॉलर प्रति बैरल होने के बावजूद पेट्रोल की कीमत 63 रुपये और डीजल की कीमत 56 रुपये प्रति लीटर से अधिक नहीं बढ़ने दी गई थी। उन्होंने कहा कि वर्तमान में उत्तराखंड में पेट्रोल की कीमत करीब 95 से 105 रुपये प्रति लीटर है, जबकि कच्चे तेल, रिफाइनिंग और परिवहन पर लगभग 45 से 55 रुपये प्रति लीटर का खर्च आता है। इसके अतिरिक्त पेट्रोल पंप संचालकों को 3 से 5 रुपये प्रति लीटर कमीशन मिलता है तथा केंद्र एवं राज्य सरकार को विभिन्न करों के माध्यम से 20 से 35 रुपये प्रति लीटर तक का राजस्व प्राप्त होता है।
उन्होंने सरकार से मूल्य वर्धित कर (VAT) में कटौती, घरेलू बिजली दरों में राहत, किसानों के लिए सस्ता डीजल उपलब्ध कराने, रसोई गैस पर सब्सिडी बढ़ाने तथा सार्वजनिक परिवहन को किफायती बनाने जैसे कदम उठाने की मांग की। डॉ. उपाध्याय ने कहा कि सरकार को अपने राजस्व का एक हिस्सा आम जनता को सस्ती बिजली, सस्ते ईंधन और बेहतर सार्वजनिक सुविधाओं के रूप में वापस करना चाहिए, ताकि बढ़ती महंगाई से लोगों को राहत मिल सके।







