*महापौर की पहल पर तीन दिन में किरतपुर को मिलीं दो बड़ी सौगातें* *एक सड़क का निर्माण शुरू, दूसरी के लिए 10 लाख की पहली किश्त जारी; तीसरी सड़क जिला पंचायत से बनवाने का आश्वासन* *ग्राम प्रधान बोले- एक साल में जो काम नहीं हुआ, महापौर ने तीन दिन में करवा दिया*

*महापौर की पहल पर तीन दिन में किरतपुर को मिलीं दो बड़ी सौगातें*

 

*एक सड़क का निर्माण शुरू, दूसरी के लिए 10 लाख की पहली किश्त जारी; तीसरी सड़क जिला पंचायत से बनवाने का आश्वासन*

 

*ग्राम प्रधान बोले- एक साल में जो काम नहीं हुआ, महापौर ने तीन दिन में करवा दिया*

 

रुद्रपुर। महापौर विकास शर्मा की पहल पर किरतपुर क्षेत्र में सड़कों की बदहाली दूर होने की उम्मीद जगी है। ग्रामीणों की मांग पर महज तीन दिनों के भीतर दो सड़कों को लेकर ठोस कार्रवाई हुई है। आनंदम गार्डन से उत्तर प्रदेश सीमा तक सड़क का निर्माण शुरू करा दिया गया है, जबकि साई विहार कॉलोनी फेस-5 की मुख्य सड़क से अमित भाटी के घर तक सीसी मार्ग निर्माण के लिए स्वीकृत 19.11 लाख रुपये के बजट में से 10 लाख रुपये की पहली किश्त जारी करने के आदेश हो गए हैं। इसके अलावा किरतपुर की तीसरी सड़क के करीब 180 मीटर हिस्से का निर्माण जिला पंचायत के माध्यम से कराने का आश्वासन भी दिया गया है। महापौर की त्वरित पहल से उत्साहित ग्रामीणों ने ग्राम प्रधान आशीष यादव के नेतृत्व में उनके कार्यालय पहुंचकर आभार जताया।

 

किरतपुर में सड़कों की बदहाली का मामला उस समय सामने आया, जब ग्राम प्रधान आशीष यादव ने सोशल मीडिया पर पोस्ट साझा कर ‘रोड नहीं तो वोट नहीं’ का ऐलान किया। ग्रामीणों की समस्या का संज्ञान लेते हुए महापौर विकास शर्मा तत्काल क्षेत्र में पहुंचे और बदहाल सड़कों का निरीक्षण किया। उन्होंने संबंधित अधिकारियों से वार्ता कर निर्माण कार्य जल्द शुरू कराने के निर्देश दिए।

 

महापौर की पहल पर अगले ही दिन लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक कर सड़क निर्माण को लेकर चर्चा की गई। इसके बाद आनंदम गार्डन से उत्तर प्रदेश सीमा तक की सड़क का निर्माण 48 घंटे के भीतर शुरू हो गया। वहीं, साई विहार कॉलोनी फेस-5 की मुख्य सड़क से अमित भाटी के घर तक सीसी मार्ग निर्माण के लिए महापौर ने मंडी परिषद के अध्यक्ष अनिल कपूर डब्बू से मुलाकात कर बजट जारी करने का आग्रह किया। उनके प्रयासों पर 19.11 लाख रुपये की स्वीकृत धनराशि में से 10 लाख रुपये की पहली किश्त जारी करने के लिखित आदेश हो गए हैं। इससे सड़क निर्माण का रास्ता साफ हो गया है।

 

इसके अलावा ग्रामीणों की मांग पर किरतपुर की मुख्य सड़क के करीब 180 मीटर हिस्से का निर्माण जिला पंचायत के माध्यम से कराने का आश्वासन दिया गया है। तीन सड़कों को लेकर हुई इस कार्रवाई से ग्रामीणों में उत्साह है। उन्हें उम्मीद है कि जल्द ही क्षेत्र की आवागमन संबंधी समस्याओं का समाधान होगा।

 

ग्रामीणों को संबोधित करते हुए महापौर विकास शर्मा ने कहा कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में प्रदेश सरकार शहरों के साथ ग्रामीण क्षेत्रों के विकास को भी प्राथमिकता दे रही है। सरकार का प्रयास है कि बुनियादी सुविधाओं का लाभ प्रत्येक क्षेत्र तक पहुंचे और कोई भी इलाका विकास से वंचित न रहे।

 

उन्होंने कहा कि किरतपुर में सड़कों की समस्या सामने आते ही उन्होंने मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया और अधिकारियों से वार्ता की। इसके परिणामस्वरूप एक सड़क का निर्माण शुरू हो गया, जबकि दूसरी सड़क के लिए पहली किश्त जारी करने के आदेश हो चुके हैं। तीसरी सड़क के निर्माण के लिए भी प्रयास किए जाएंगे। उन्होंने बताया कि बिंदुखेड़ा की सड़क का निर्माण भी जल्द शुरू होने जा रहा है। ग्रामीण क्षेत्रों में कूड़ा निस्तारण की समस्या दूर करने के लिए वाहनों की व्यवस्था भी की गई है, ताकि गांवों से नियमित रूप से कूड़ा उठाया जा सके।

 

महापौर ने कहा कि नगर निगम शहर के साथ ग्रामीण क्षेत्रों की समस्याओं के समाधान के लिए भी गंभीरता से काम कर रहा है। सड़क, सफाई और अन्य बुनियादी सुविधाओं से जुड़े कार्य प्राथमिकता के आधार पर कराए जा रहे हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में विकास कार्यों की गति धीमी नहीं होने दी जाएगी और बदहाल सड़कों को दुरुस्त कराने के प्रयास जारी रहेंगे।

 

इस दौरान ग्राम प्रधान आशीष यादव ने महापौर का आभार जताते हुए कहा कि उनके कार्यकाल का अभी एक वर्ष हुआ है। इस दौरान जिन समस्याओं का समाधान नहीं हो पाया, उनमें से दो सड़कों को लेकर महापौर के हस्तक्षेप के बाद महज तीन दिनों में ठोस कार्रवाई हुई है। उन्होंने बताया कि जिस दिन उन्होंने बदहाल सड़क को लेकर फेसबुक पर पोस्ट साझा की, उसके अगले ही दिन महापौर मौके पर पहुंच गए और अधिकारियों से वार्ता की। इसके 48 घंटे के भीतर एक सड़क का निर्माण शुरू हो गया, जबकि दूसरी सड़क के लिए 10 लाख रुपये की पहली किश्त जारी करने के आदेश हो चुके हैं।

 

ग्राम प्रधान ने कहा कि वर्षों से लंबित समस्या पर इतनी तेजी से कार्रवाई होने की ग्रामीणों को उम्मीद नहीं थी। सड़कों के निर्माण का रास्ता साफ होने से गांव के लोगों में खुशी है। उन्होंने कहा कि जनप्रतिनिधि यदि इसी तरह जनता की समस्याओं को गंभीरता से लेकर उनके समाधान के लिए प्रयास करें, तो गांवों और शहरों का विकास तेजी से हो सकता है।

Advertisement
Advertisement
Advertisement