*भाजपा चलाएगी ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ अभियान: धामी*
*22 अक्टूबर से 5 नवंबर तक चलेगा पहला चरण, 31 अक्टूबर को श्रीनगर, 2 नवंबर को देहरादून और 3 नवंबर को रुद्रपुर में निकलेगी पदयात्रा*
देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कांग्रेस पर लोकतंत्र की गरिमा को ठेस पहुंचाने और जनादेश का सम्मान नहीं करने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि देश में जिस तरह के हालात बनाने का प्रयास किया जा रहा है, वे स्वस्थ लोकतंत्र के लिए उचित नहीं हैं। व्यवस्था को बिगाड़ने की कोशिश लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ है। इसके विरोध में भाजपा ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ अभियान चलाएगी। अभियान का पहला चरण 22 अक्टूबर से 5 नवंबर तक चलेगा।
गुरुवार को देहरादून में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में मुख्यमंत्री ने कहा कि कांग्रेस ने करीब 60 साल तक देश में शासन किया, लेकिन जनता ने उसे सत्ता से बाहर कर दिया। वर्ष 2014 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में सरकार बनने के बाद से कांग्रेस इस जनादेश को स्वीकार नहीं कर पा रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस की सोच ऐसी रही है, मानो देश की सत्ता और संसद पर केवल उसी का अधिकार हो। मुख्यमंत्री ने राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए कहा कि वह अपनी हताशा जाहिर कर रहे हैं और नेता प्रतिपक्ष के पद की मर्यादा का भी ध्यान नहीं रख रहे हैं।
श्रीनगर, देहरादून और रुद्रपुर में होंगी पदयात्राएं
मुख्यमंत्री ने बताया कि अभियान के तहत 31 अक्टूबर को श्रीनगर में बड़े स्तर पर पदयात्रा निकाली जाएगी। दो नवंबर को देहरादून में प्रस्तावित विशाल पदयात्रा में 10 हजार से अधिक लोगों के शामिल होने की बात कही गई है। वहीं, तीन नवंबर को रुद्रपुर में भव्य पदयात्रा आयोजित की जाएगी। इसके बाद प्रदेश के सभी 13 जिलों में भी पदयात्राएं निकाली जाएंगी।
मतदाता सूची के शुद्धिकरण को बताया जरूरी
मतदाता सूची से नाम हटाए जाने के मुद्दे पर धामी ने कहा कि उनका नाम भी तीन स्थानों पर दर्ज था, जिसे शुद्धिकरण की प्रक्रिया के तहत एक स्थान पर सीमित किया गया। उन्होंने बताया कि उनका जन्म और शिक्षा-दीक्षा पिथौरागढ़ में हुई। खटीमा में कार्य करने के दौरान उनका नाम वहां के साथ देहरादून की मतदाता सूची में भी दर्ज था। प्रक्रिया के बाद उनका नाम केवल एक स्थान पर रखा गया। उन्होंने सवाल किया कि मतदाता सूची का इस तरह शुद्धिकरण करना गलत कैसे हो सकता है।
मुख्यमंत्री ने उदाहरण देते हुए कहा कि जब किसी बेटी का विवाह देहरादून से हरिद्वार में होता है, तो उसका नाम पुराने निवास स्थान की मतदाता सूची से हटाकर नए निवास स्थान पर दर्ज किया जाता है। उन्होंने कांग्रेस पर इस प्रक्रिया को लेकर भ्रम फैलाने का आरोप लगाया।
कांग्रेस की चुनावी हार पर भी साधा निशाना
धामी ने कांग्रेस के चुनावी प्रदर्शन पर तंज कसते हुए मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस चुनावों में लगातार हार का सामना करती आ रही है। उत्तर प्रदेश में पार्टी पिछले 37 साल और बिहार में 36 साल से सत्ता से बाहर है। ऐसे में कांग्रेस को अपनी हार के लिए किसी अन्य को जिम्मेदार ठहराने के बजाय आत्ममंथन करना चाहिए।
उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस अनुचित नारे देकर लोगों को गुमराह कर रही है और बच्चों को भी बरगलाने का प्रयास किया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि देश के युवाओं की ऊर्जा का इस्तेमाल सकारात्मक और रचनात्मक कार्यों में होना चाहिए। उन्होंने युवा पीढ़ी को ‘जेन-जी’ के बजाय ‘इन-जी’ यानी इंडियन जेनरेशन बताते हुए कहा कि देश का युवा जागरूक है और उसे विश्वास है कि देश सुरक्षित हाथों में है।
त्योहारी सीजन में प्रदर्शनों से कारोबार प्रभावित होने का दावा
मुख्यमंत्री ने नवरात्र और दशहरे जैसे त्योहारों के दौरान हो रहे प्रदर्शनों पर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि त्योहारों के समय समाज में सकारात्मक माहौल होना चाहिए, लेकिन विरोध प्रदर्शनों के कारण व्यापारिक गतिविधियां प्रभावित हो रही हैं। उनके अनुसार, इन प्रदर्शनों से व्यापारियों को करीब दो हजार करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है।
विकास कार्यों के साथ जनता के सामने रखेंगे भविष्य का विजन
आगामी विधानसभा चुनाव की तैयारियों को लेकर मुख्यमंत्री ने कहा कि भाजपा पिछले पांच वर्षों में किए गए विकास कार्यों का लेखा-जोखा लेकर जनता के बीच जाएगी। इसके साथ ही अगले पांच वर्षों के लिए सरकार का विजन और एजेंडा भी जनता के सामने रखा जाएगा।
उन्होंने बताया कि सरकार ने युवाओं से ‘कैसा हो हमारा उत्तराखंड’ विषय पर सुझाव मांगे थे। इसके तहत कक्षा 11वीं और 12वीं के विद्यार्थियों ने निबंध प्रतियोगिताओं के माध्यम से अपने विचार प्रस्तुत किए। मुख्यमंत्री ने कहा कि विद्यार्थियों से मिले सकारात्मक सुझावों पर सरकार गंभीरता से काम कर रही है।


