*गिरधारी लाल साहू की तलाश में एसआईटी की हल्द्वानी में दबिश की चर्चा, आधिकारिक पुष्टि नहीं* *मंत्री रेखा आर्या के आवास पर टीम के पहुंचने की खबरों से दिनभर रही हलचल, तीन दिन पहले बरेली से खाली हाथ लौटी थी एसआईटी*

*गिरधारी लाल साहू की तलाश में एसआईटी की हल्द्वानी में दबिश की चर्चा, आधिकारिक पुष्टि नहीं*

 

*मंत्री रेखा आर्या के आवास पर टीम के पहुंचने की खबरों से दिनभर रही हलचल, तीन दिन पहले बरेली से खाली हाथ लौटी थी एसआईटी*

 

हल्द्वानी। कैबिनेट मंत्री रेखा आर्या के पति गिरधारी लाल साहू उर्फ पप्पू की तलाश में विशेष जांच टीम (एसआईटी) की सक्रियता को लेकर बुधवार को हल्द्वानी में दिनभर चर्चाओं का बाजार गर्म रहा। सुबह से ही एसआईटी के आरटीओ रोड स्थित बृजानंद विहार में मंत्री के आवास पर पहुंचने की खबरें सामने आती रहीं। कुछ चर्चाओं में टीम के मुक्तेश्वर तक पहुंचने की बात भी कही गई। हालांकि, हल्द्वानी में एसआईटी की मौजूदगी और किसी तरह की दबिश की आधिकारिक पुष्टि नहीं हो सकी।

 

स्थानीय स्तर पर एसओजी से जुड़े सूत्रों के हवाले से गिरधारी लाल साहू की तलाश में एसआईटी के हल्द्वानी पहुंचने की चर्चा रही, लेकिन पुलिस अधिकारियों ने इसकी पुष्टि नहीं की। मंत्री के आवास पर तैनात एक पीआरडी जवान और तीन कर्मचारियों ने भी बताया कि बुधवार सुबह से वहां कोई जांच टीम नहीं पहुंची। आवास के बाहर दिनभर सन्नाटा पसरा रहा, जबकि परिसर के भीतर कुछ कर्मचारी निर्माण कार्यों की देखरेख करते नजर आए।

 

गौरतलब है कि एसआईटी इससे पहले भी गिरधारी लाल साहू की तलाश में संभावित ठिकानों पर कार्रवाई कर चुकी है। तीन दिन पहले टीम बरेली पहुंची थी, लेकिन वहां से उसे खाली हाथ लौटना पड़ा था। इसके बाद बुधवार को हल्द्वानी में दबिश दिए जाने की चर्चाओं ने मामले को एक बार फिर सुर्खियों में ला दिया।

 

15 अक्टूबर को दर्ज कराई थी शिकायत

 

कैबिनेट मंत्री रेखा आर्या ने बीती 15 अक्टूबर को देहरादून के कैंट थाने में अपने पति गिरधारी लाल साहू के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में मारपीट, धोखे से शादी करने और हत्या की साजिश समेत कई गंभीर आरोप लगाए गए थे। पुलिस ने शिकायत के आधार पर मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच के लिए एसआईटी गठित की थी। इसके बाद से टीम प्रदेश में संभावित ठिकानों पर तलाश और दबिश की कार्रवाई कर रही है।

 

एसआईटी का कार्यक्षेत्र पूरा प्रदेश : एसएसपी

 

इस मामले में ऊधम सिंह नगर के एसएसपी डॉ. मंजूनाथ टीसी ने बताया कि प्रकरण स्थानीय पुलिस से संबंधित नहीं है। एसआईटी का कार्यक्षेत्र पूरा उत्तराखंड है, इसलिए टीम की गतिविधियों की जानकारी स्थानीय पुलिस को होना आवश्यक नहीं है। उन्होंने कहा कि एसआईटी की ओर से सहयोग मांगे जाने पर स्थानीय पुलिस पूरा सहयोग करेगी।

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