करोडो के घोटाले का पर्दाफाश, दो गिरफ्तार
हजारों निवेशकों से की 6-80 करोड़ की धोखाधड़ी, छह जिलों में फैला था जाल
हल्द्वानी नैनीताल के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ- मंजुनाथ टीसी ने आम जनता को अधिक ब्याज का झांसा देकर करोड़ों रुपये की ठगी करने वाले एक बड़े वित्तीय घोटाले का भंडाफोड़ किया है। देवभूमि बहुदेशीय स्वायत्त सहकारिता नामक संस्था के माध्यम से हजारों लोगों की गाढ़ी कमाई डकारने वाले दो मुख्य आरोपियों को पुलिस ने लालकुआं से दबोच लिया है। आरोपियों ने अल्मोड़ा, पिथौरागढ़, बागेश्वर, चंपावत, ऊधम सिंह नगर और नैनीताल जैसे जिलों में अपना जाल बिछा रखा था और करीब 6 करोड़ 80 लाख रुपये की धोखाधड़ी को अंजाम दिया। पकड़े गए आरोपियों की पहचान हेमचंद पंत निवासी कुसुमखेड़ा और विकास दुर्गापाल निवासी देहरिया, हल्द्वानी के रूप में हुई है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने बताया कि इन अभियुक्तों ने वर्ष 2017 में हल्द्वानी के मुखानी और रामनगर में अपनी शाखाएं खोली थीं। इन्होंने उत्तराखंड सरकार के पंजीकरण का हवाला देकर लोगों का विश्वास जीता और फिर अधिक ब्याज व गारंटी का झांसा देकर निवेश कराया। जब जांच की गई तो दोनों शाखाएं बंद मिलीं और आरोपियों के बैंक खातों में 2 करोड़ 26 लाख तथा 4 करोड़ 58 लाख रुपये के संदिग्ध लेन-देन की पुष्टि हुई। कोतवाली रामनगर में दर्ज मुकदमे की गंभीरता को देखते हुए अपर पुलिस अधीक्षक हल्द्वानी मनोज कुमार कल्त्याल, क्षेत्रधिकारी हल्द्वानी अमित सैनी व क्षेत्रधिकारी रामनगर सुमित पांडेय के नेतृत्व में एक विशेष टीम का गठन किया गया था। पुलिस टीम ने दिल्ली, हरियाणा और लखनऊ में संभावित ठिकानों पर दबिश दी, जिसके बाद 4 फरवरी को दोनों आरोपियों को लालकुआं क्षेत्र से गिरफ्तार कर लिया गया। जांच में यह भी सामने आया है कि इनके खिलाफ अन्य थानों में भी धोखाधड़ी के कई मामले दर्ज हैं। गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश जारी है और जल्द ही कुछ और गिरफ्तारियां होने की संभावना है।सफल अनावरण करने वाली टीम में वरिष्ठ उपनिरीक्षक दीपक सिंह बिष्ट, कांस्टेबल आनंदपुरी और कांस्टेबल जितेंद्र बिष्ट शामिल रहे। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने टीम के उत्साहवर्धन के लिए 2500 रुपये के नकद इनाम की घोषणा की है। डॉ- मंजुनाथ टीसी ने आम जनता से अपील करते हुए कहा कि किसी भी निवेश योजना में पैसा लगाने से पहले उसकी वैधानिकता की स्वयं जांच करें और अधिक लाभ के लालच में न फंसें। उन्होंने कहा कि संदिग्ध मामलों की सूचना तत्काल पुलिस को दें, नैनीताल पुलिस अपराधियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।






