धामी कैबिनेट के बडे फैसले
देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में बुधवार को आयोजित उत्तराखंड मंत्रिपरिषद की बैठक में राज्य के विकास से जुड़े कई अहम निर्णय लिए गए। बैठक में कुल 32 विषयों पर चर्चा हुई, जिनमें से 28 प्रस्तावों को अंतिम स्वीकृति प्रदान की गई। साथ ही वित्तीय वर्ष 2026–27 के लिए 1.11 लाख करोड़ रुपये के बजट आकार को भी मंजूरी दे दी गई।सरकार ने आगामी बजट में पिछले वर्ष की तुलना में लगभग 10 प्रतिशत वृद्धि की है। मंत्रिमंडल ने बजट में आवश्यक संशोधन करने के अधिकार मुख्यमंत्री को प्रदान किए हैं। यह बजट आगामी विधानसभा सत्र में प्रस्तुत किया जाएगा।
प्रशासनिक और संरचनात्मक फैसले
कैबिनेट ने यूनाइटेड इन्फ्रास्ट्रक्चर एंड इंडस्ट्रियल डेवलपमेंट बोर्ड (UIIDB) के ढांचे में 14 नए पद सृजित करने को मंजूरी दी। पदनाम संशोधन और मानदेय सुधार से जुड़े निर्णय भी लिए गए। राज्य के सभी 11 नगर निगमों में संविदा के आधार पर पर्यावरण अभियंता तैनात किए जाएंगे। इसके अलावा उत्तराखंड प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के समूह ‘क’ और ‘ख’ कर्मचारियों के लिए सेवा नियमावली 2026 को स्वीकृति दी गई। उपचारित जल के पुनः उपयोग की नीति 2026 तथा विश्व बैंक पोषित “उत्तराखंड दक्ष जलापूर्ति कार्यक्रम” को भी मंजूरी मिली।
शिक्षा और न्यायिक क्षेत्र में पहल
उच्च शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए मुख्यमंत्री उच्च शिक्षा शोध प्रोत्साहन योजना का दायरा बढ़ाकर 21 अशासकीय अनुदानित महाविद्यालयों को शामिल किया गया है। ‘स्वामी विवेकानंद उत्तराखंड पुस्तकालय योजना’ को भी कैबिनेट की स्वीकृति प्राप्त हुई। न्यायिक व्यवस्था को मजबूत करने के लिए विकासनगर, काशीपुर और नैनीताल में तीन नए फास्ट ट्रैक स्पेशल कोर्ट स्थापित किए जाएंगे। साथ ही नैनीताल हाईकोर्ट सहित जिला न्यायालयों के लिए 14 कोर्ट मैनेजर पदों का सृजन किया गया है।
कृषि, पोषण और सामाजिक योजनाएं
कैबिनेट ने सेब की अत्याधुनिक नर्सरी विकास योजना 2026 और मौन पालन नीति 2026 को मंजूरी दी। ‘बाल पालाश’ अभियान के तहत बच्चों के पोषण आहार में नए तत्व जोड़े जाएंगे, जबकि मुख्यमंत्री महिला पोषण योजना में अतिरिक्त पौष्टिक खाद्य पदार्थ शामिल किए जाएंगे।







