हजारों लोगों का प्रदर्शन, पूर्व विधायक राजेश शुक्ला के नेतृत्व में निकला जुलूस
न्यायालय में लंबित मामले से नाराज़ जनता ने दी आंदोलन तेज करने की चेतावनी
चुनाव प्रक्रिया अटकी तो विकास ठप — अलग चुनाव की मांग तेज
सिरौली कला नगर पालिका मुद्दे पर सड़कों पर उतरी जनता, सीएम को भेजा ज्ञापन
किच्छा। नगर निकाय चुनाव प्रक्रिया में बार-बार आ रही बाधाओं से नाराज़ किच्छा एवं सिरौली कला क्षेत्र की जनता सोमवार को सड़कों पर उतर आई। हजारों की संख्या में लोगों ने हाथों में तख्तियां लेकर कांग्रेस के विरोध में प्रदर्शन किया। पूर्व विधायक राजेश शुक्ला की अगुवाई में नई मंडी से परगनाधिकारी कार्यालय तक जुलूस निकाला गया और पुष्कर सिंह धामी को ज्ञापन भेजकर सिरौली कला को किच्छा से अलग रखते हुए चुनाव कराने की मांग की गई।
सुबह लगभग 10:30 बजे से नई मंडी क्षेत्र में लोगों का जुटना शुरू हो गया। सिरौली कला तथा किच्छा नगर पालिका के वार्डों से आए लोगों ने अलग-अलग चुनाव कराने की मांग को लेकर नारेबाजी की और प्लेकार्ड प्रदर्शित किए।
सभा को संबोधित करते हुए पूर्व विधायक राजेश शुक्ला ने कहा कि राज्य सरकार ने उनके अनुरोध पर सिरौली कला को अलग नगर पालिका का दर्जा दिया, लेकिन कांग्रेस इससे असहज है। उन्होंने आरोप लगाया कि क्षेत्रीय विधायक तिलक राज बेहड़ के करीबी लोगों द्वारा उच्च न्यायालय में रिट दायर कर चुनाव प्रक्रिया को उलझाया गया है। उनके अनुसार पिछले एक वर्ष से किच्छा नगर पालिका तथा लगभग छह वर्षों से सिरौली कला का मामला न्यायालय में लंबित रहने से विकास कार्य प्रभावित हो रहे हैं।
सिरौली कला के पूर्व प्रधान नासिर खान ने कहा कि जब यह क्षेत्र किच्छा नगर पालिका का हिस्सा था तब इसकी उपेक्षा होती रही। अलग नगर पालिका बनने की घोषणा से विकास की उम्मीद जगी थी, परंतु मामला न्यायालय में लंबित रहने से क्षेत्र को नुकसान हो रहा है।
सभा को संबोधित करते हुए स्थानीय निवासियों विधान मलिक और नाजिम मलिक ने कहा कि सरकार द्वारा सिरौली कला को नगर पालिका का दर्जा देने तथा नगरीय आबादियों को मालिकाना हक देने की पहल से विकास के रास्ते खुलेंगे। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि चुनाव प्रक्रिया में बाधाएं जारी रहीं तो जनता आगामी चुनावों में इसका जवाब देगी।
प्रदर्शन के बाद प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजकर सिरौली कला को किच्छा से अलग रखते हुए शीघ्र चुनाव कराने की मांग की।






